स्त्री वशीकरण

69 Flares Twitter 2 Facebook 65 Google+ 2 Reddit 0 Pin It Share 0 Email -- StumbleUpon 0 Filament.io 69 Flares ×

कहा जाता है दया की मूर्त है स्त्री पापनाशिनी है साक्षात् जगदम्बा है पर आज के इस आधुनिक युग में भी लोग अपनी बहु बेटियों को दहेज़ के लिए परेशान करते है ! ऐसे लोगो के लिए गुरु गोविन्द सिंह जी ने लिखा है !

” धी भैन का पैसा खाए कहे गोविन्द सिंह यम धक्के खाए “

जो इन्सान दाज दहेज़ के लिए अपनी बहु बेटियों को परेशान करता है उसे यमराज के यमदूतो की मार खानी पड़ेगी ! दहेज़ के डर से कुछ लोग बेटियों को गर्भ में ही मार देते है ! पंजाब के इतिहासिक शहर फतेहगढ़ साहिब में सबसे अधिक भ्रूण हत्या होती है ! मेरे गुरुदेव ने मुझे एक ऐसी औषधि बनाना सिखाया है जिसे खाने के बाद स्त्री को केवल लड़का ही होता है और यदि एक बार वो दवाई किसी स्त्री को खिला दी जाये तो अगले तीन गर्भ तक पुत्र संतान ही होती है पर मै यह दवाई किसी को नहीं देता क्योंकि पंजाब में हर 1000 लडको के पीछे केवल 726 लडकिया है ! मै नहीं चाहता कि यह औसत और कम हो जाये !

आज के समय में यदि पुरुष बुरे है तो स्त्रिया भी कम नहीं कोई जमाना था जब लड़की अपने पति को ईश्वर मानती थी पर आज के समय में तो लोग ईश्वर को ईश्वर नहीं मानते तो बेचारे पति कि क्या औकात है ! हररोज किसी न किसी भाई की मेल आती है कि मेरी पत्नी मुझे छोड़कर चली गयी ! मेरी पत्नी ने मुझ पर 498 A का दहेज़ उत्पीडन का केस दर्ज करवा दिया है ! ऐसे भाईओं से मै सिर्फ इतना ही कहूँगा “” गाय माता होती है पर जब वो सिंग मारती है तो उसके सिंग तोड़ दिए जाते है “” आप भी ऐसा ही करे ! हमारे देश में एक और बहुत बड़ी समस्या है प्रेम केवल कविताओ और किताबो में ही अच्छा लगता है ! हमारे देश में यदि कोई सच्च में प्रेम करना चाहे तो समाज उसके खिलाफ खड़ा हो जाता है ! हमारा समाज चाहता है कि आज के समय में भी हीर और सोहनी जैसी सुंदर लडकिया पैदा हो पर हमारे घर में नहीं हमारे पडोसी के घर में पैदा हो ! ऐसे गंदे समाज की मै बिलकुल फ़िक्र नहीं करता जो कृष्ण की उपासना तो करता है पर प्रेम को बहुत बुरा मानता है !

ऐसे सभी आशिक भाई जो प्रेम में असफल हो चुके है और ऐसे भाई जो अपनी पत्नी से परेशान है उनके लिए मै एक साधना दे रहा हूँ पर इस साधना का प्रेम और वशीकरण के लिए दुरूपयोग न करे और मुझसे इस साधना का अपना अनुभव न पूछे !

|| मन्त्र  ||

जंगल की योगिनी पाताल के नाग

उठो मेरे वीरो …………….. को ल्याओ हमारे पास

यहाँ यहाँ हमारे सहाई

अब नाज़ भरी ताज भरी अग्नि तक फूक फिरो

मन विसरे मेरे गुरु गोरखनाथ की दुहाई !

||  विधि  ||

इस मन्त्र का ग्रहण काल में जप करे ! ग्रहण काल में जप करने से यह मन्त्र सिद्ध हो जायेगा !

||  प्रयोग विधि ||

जब किसी स्त्री पर प्रयोग करना हो तो उस स्त्री का नाम खाली स्थान पर कह दे और 21 दिन तक हररोज 1 माला जप करे ! वो स्त्री जरूर वशीभूत होकर दौड़ी चली आएगी !

इस मन्त्र का दुरूपयोग न करे ! मेरा विश्वास है यह प्रयोग करने के बाद आपके जीवन में बदलाव जरूर आएगा !

जय सदगुरुदेव !

Print Friendly
69 Flares Twitter 2 Facebook 65 Google+ 2 Reddit 0 Pin It Share 0 Email -- StumbleUpon 0 Filament.io 69 Flares ×